Pitra Dosh in Kundali: वैदिक ज्योतिष के अनुसार पितृ दोष एक ऐसा अशुभ योग है जो हमारे पूर्वजों की असंतुष्टि, अधूरे कर्म या उनके द्वारा किए गए कुछ गलत कार्यों के कारण बनता है। यह दोष व्यक्ति के जीवन के कई क्षेत्रों को प्रभावित करता है – जैसे स्वास्थ्य, करियर, धन, और पारिवारिक सुख। तो आइए इस ब्लॉग (Pitra Dosh in Kundali) के कुछ मत्वपूर्ण पॉइंट्स पर चर्चा करते है। इस ब्लॉग को अंत तक अवश्य पढ़िएगा फिर आपको सब कुछ पता चल जाएगा और साथ ही जबरदस्त उपाय भी।
Pitra Dosh in Kundali

पितृ दोष क्या है?
सबसे पहले जानते है कि पितृ दोष क्या है और यह हमारे जन्म कुंडली मे कैसे देख सकते है। देखिए पितृ दोष कुंडली मे होने के बहुत से कारण हो सकते है। कुंडली मे पितृ दोष को देखने के लिए निम्नलिखित बातों पर ध्यान देने कि जरूरत होती है।
Pitradosh Kundali Me Kaise Dekhen
- 9th House में पाप ग्रहों की स्थिति को भी देखना चाहिए।
- सूर्य का राहु/केतु/शनि से संबंध।
- शनि का सूर्य पर दृष्टि डालना।
- नवांश कुंडली में सूर्य के अशुभ योग।
- शनि और सूर्य का साथ मे युति भी कभी कभी पितृ दोष जैसा लक्षण देती है।
- राहु पंचम या अष्टम भाव मे भी बैठ जाए तो भी पितृ दोष लगता है।
- पंचम या अष्टम का सब लॉर्ड राहु हो तब भी पितृ दोष लग जाता है।
- आपकी जन्म कुंडली मे 12 भाव होते है, इन 12 भावों मे से किसी भी भाव मे यदि सूर्य और राहु साथ मे युति बना लें यानि कि साथ मे बैठ जाए तो पितृ दोष लग जाता है।
Pitra Dosh Ke Lakshan
पितृ दोष के निम्नलिखित लक्षण पाए जा सकते है।
- परिवार में बार-बार विवाद या असंतोष।
- कार्यों में लगातार रुकावट।
- संतान प्राप्ति में देरी या समस्या।
- लंबे समय तक स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां।
- घर में अचानक दुर्घटना या विपत्ति का आना।
Pitra Dosh Ke Upay / Pitra Dosh Puja
पितृ दोष के उपाय को मैंने तीन भागों मे बांटा है, जिससे आपको समझने मे आसानी हो।
नियमित उपाय:
- हर अमावस्या को पितृ तर्पण करें।
- गया में श्राद्ध और पिंडदान करें।
- त्रिपिंडी श्राद्ध भी कर सकते है गया जाकर।
- प्रतिदिन मेडिटेशन करें।
- प्रतिदिन सूर्य को जल अर्पित करना चाहिए और आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करना चाहिए।
- शनिवार को पीपल वृक्ष को जल चढ़ाए।
मंत्र उपाय:
- प्रतिदिन “ॐ नमो भगवते वासुदेवाय” का 108 बार जाप करना चाहिए।
- हर अमावस्या को “ॐ पितृ देवाय नमः” का जाप करें।
दान और सेवा:
- गौ दान और गौ सेवा करें।
- गरीबों को अन्न दान करें।
- ब्राम्हणो को भोजन करे और दक्षिण दें।
पितृ दोष कब खत्म होता है?
जब आप पित्र दोष शांति करवा लेते है तो पित्र दोष खत्म हो जाता है, आप चाहे तो गया जी जाकर पित्र दोष शांति करवाए या त्रिपिंडी श्राद्ध भी करवा सकते है।
पितृ दोष से बचाव के टिप्स
- माता-पिता और बुजुर्गों का सम्मान करें।
- पितृ पक्ष में श्राद्ध और तर्पण जरूर करें।
- अमावस्या को गंगा, प्रयागराज या हरिद्वार में जल अर्पित करें।
Conclusion Pitra Dosh in Kundali
पितृ दोष एक ऐसा कर्मिक ऋण होता है जिसे सही समय पर पहचानना और उपाय करना जरूरी होता है। वैदिक ज्योतिष में बताए गए मंत्र, दान और पूजा से इसके प्रभाव को कम किया जा सकता है। यदि आपको लगता है कि आपकी कुंडली में पितृ दोष है, तो एक बार सही तरीके से अपनी जन्म कुंडली का विस्तृत विश्लेषण करवा कर सही उपाय कर सकते है।